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Phuldev Patel
मुजफ्फरपुर: जिला विधिक सेवा प्राधिकार, मुजफ्फरपुर के तत्वावधान में हरिसभा चौक स्थित मुखर्जी सेमिनरी उच्च माध्यमिक विद्यालय में बाल मजदूरी विषय पर कविता लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में विद्यालय के 55 छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लेकर बाल मजदूरी के खिलाफ अपनी रचनात्मक सोच और जागरूकता का परिचय दिया।
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कार्यक्रम के दौरान बच्चों को बाल मजदूरी की समस्या, इसके सामाजिक कारणों और शिक्षा के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। पीएलवी फूलदेव पटेल ने कहा कि बाल मजदूरी आज भी समाज के सामने गंभीर चुनौती बनी हुई है। होटल, ईंट-भट्ठे, दुकानों तथा ठेला-रिक्शा जैसे कामों में बच्चों को मजदूरी करते देखा जाता है।
उन्होंने कहा कि बाल मजदूरी के पीछे गरीबी और शिक्षा का अभाव प्रमुख कारण हैं। केवल कानून बनाने से समस्या का पूरी तरह समाधान संभव नहीं है। इसके लिए समाज में जागरूकता बढ़ाना और बच्चों को शिक्षा से जोड़ना जरूरी है।
शिक्षक दिवस पर शिक्षा के महत्व पर दिया संदेश
शिक्षक दिवस के अवसर पर बच्चों को संबोधित करते हुए फूलदेव पटेल ने कहा कि शिक्षक और विद्यार्थी का संबंध विश्वास और मार्गदर्शन पर आधारित होता है। बच्चों को अधिक से अधिक शिक्षा ग्रहण करनी चाहिए, क्योंकि शिक्षा ही उनके बेहतर भविष्य की मजबूत नींव है।
पैनल अधिवक्ता कमलेश्वर कुमार ने बाल मजदूरी को समाज के लिए अभिशाप बताते हुए कहा कि अशिक्षा और आर्थिक कठिनाइयां इस समस्या के प्रमुख कारण हैं। उन्होंने कहा कि बाल मजदूरी किसी एक राज्य या क्षेत्र तक सीमित समस्या नहीं है। इसे समाप्त करने के लिए परिवार, समाज और प्रशासन को मिलकर गंभीर प्रयास करने होंगे।
बच्चों को मेडल और कलम देकर किया गया सम्मानित
कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकार, मुजफ्फरपुर की ओर से विभिन्न आयोजनों और प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले बच्चों को शिक्षक दिवस के अवसर पर सम्मानित किया गया। बताया गया कि 2 अगस्त 2025 से 29 अगस्त 2026 तक एलएलसी के तहत आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों और प्रतियोगिताओं में शामिल बच्चों में से 50 बच्चों को मेडल और कलम देकर सम्मानित किया गया।
विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक त्रिपुरारी कुमार ने बच्चों को शिक्षक दिवस की बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि बच्चों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने से उनमें आत्मविश्वास बढ़ता है और वे सामाजिक विषयों को बेहतर ढंग से समझ पाते हैं।
सम्मानित बच्चों में अबसार आलम, सत्यम कुमार, अंकुश कुमार राज, शुभम कुमार, हरि ओम कुमार सिंह, रिशु कुमार, सुफीया नाज, नाजिया अग्रिम, नेहा कुमारी, सोनू कुमार, कौशल कुमार, मनोज कुमार, ऋषिकेत कुमार, सैफ, मोहित कुमार, शन्नी कुमार, सुरज कुमार, आयुष तिवारी, आलिया तसबून, आसुका सोनी, प्रिय ओम कुमार, शिवम गुप्ता, कार्तिक कुमार, सुमित कुमार, आरिफ, रितिक राज, अंश राज कुमार, अतिश कुमार, रितिका कुमारी, आदित्य कुमार, तन्सु रानी, आर्यन राज, उस्मीत कुमार, नंदनी कुमारी, बबलू कुमार, हिमांशु कुमार, सुधांशु कुमार, मंगलम कुमार, स्वजाद अहमद, सुजीत कुमार, साक्षी कुमारी, अंश पंडित और अंशु रानी सहित अन्य बच्चे शामिल रहे।
बच्चों को शिक्षिका सुप्रिया कुमारी, पुष्पा कुमारी, सुविधा कुमारी, सिद्धी कुमारी, दीपम कुमारी, सोनी श्रीवास्तव, डॉ. रीता दिलीप एवं मधु कुमारी तथा शिक्षक राजेश रंजन, दीपक कुमार, सुनील कुमार, पंकज कुमार और राजीव कुमार ने मेडल एवं कलम देकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम के अंत में एलएलसी शिक्षक रंधीर कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया। उन्होंने कार्यक्रम में शामिल अतिथियों, शिक्षकों और विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
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